प्रयागराज (राजेश सिंह)। समाजवादी पार्टी ने केंद्रीय बजट पर कहा है कि इस बजट में उत्तर प्रदेश के लिए कोई खास तवज्जो नहीं दी गई है। उन्होंने आरोप लगाया कि देश की सबसे बड़ी आबादी वाले राज्य को एक बार फिर नजरअंदाज किया गया, जबकि यहां की जरूरतें और समस्याएं सबसे अधिक हैं।
एमएलसी डॉ मानसिंह यादव ने कहा कि उत्तर प्रदेश से सरकार को सबसे ज्यादा सांसद मिलते हैं, लेकिन बजट में न तो किसानों के लिए कोई ठोस राहत है, न युवाओं के रोजगार के लिए कोई ठोस योजना। महंगाई, बेरोजगारी और गिरती क्रयशक्ति पर बजट पूरी तरह मौन है।
प्रदेश सचिव नरेन्द्र सिंह ने कहा कि बजट चंद पूंजी पतियों को ध्यान में रखकर बनाया गया है। देश कि 95%जनता का हित इस बजट में कहीं नहीं दिखाई दे रहा है।
प्रवक्ता दान बहादुर मधुर ने कहा है कि प्रदेश के किसान खाद, बीज और डीजल की बढ़ती कीमतों से परेशान हैं, लेकिन बजट में उनकी आय बढ़ाने का कोई स्पष्ट रोडमैप नहीं दिखता।यह भी कहा कि स्वास्थ्य, शिक्षा और बुनियादी ढांचे के नाम पर केवल घोषणाएं की गई हैं, जमीनी हकीकत में उत्तर प्रदेश को कुछ भी नहीं मिला। उन्होंने आरोप लगाया कि बजट पूरी तरह चुनावी राज्यों और बड़े उद्योगपतियों को ध्यान में रखकर बनाया गया है।
जिलाध्यक्ष अनिल यादव, पप्पूलाल निषाद एवं महानगर अध्यक्ष सैयद इफ़्तेख़ार हुसैन ने कहा कि समाजवादी पार्टी इस जनविरोधी बजट का विरोध करेगी और प्रदेश की जनता के हक की आवाज सड़क से संसद तक मजबूती से उठाएगी।