प्रयागराज में तड़के सुबह अद्भुत नजारा, दर्शन के लिए उमड़े श्रद्धालु
प्रयागराज (राजेश सिंह)। प्रयागराज के संगम तट पर रविवार तड़के करीब 3.45 बजे मां गंगा ने बड़े हनुमानजी महाराज को स्नान कराया। गंगा का जल मंदिर परिसर में पहुंचने के बाद श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ पड़ी। संतों ने इसे शुभ, मंगलकारी और सुख-समृद्धि का प्रतीक बताया।
तीर्थराज प्रयागराज में रविवार तड़के मां गंगा ने संगम तट पर विराजमान बड़े हनुमानजी महाराज को स्नान कराया। सुबह करीब 3.45 बजे गंगा का जल बढ़ने के साथ मंदिर परिसर में स्थित लेटे हनुमानजी की प्रतिमा जलमग्न हो गई। इस दृश्य को श्रद्धालु बेहद शुभ और मंगलकारी मानते हैं।
बड़े हनुमानजी के गंगा स्नान की खबर फैलते ही संगम तट पर श्रद्धालुओं की भीड़ जुटने लगी। रविवार सुबह से ही पूरा संगम क्षेत्र हनुमानजी महाराज के जयकारों से गूंजता रहा। श्रद्धालुओं ने इस अलौकिक दृश्य के दर्शन कर पूजा-अर्चना की।
महंत बलबीर गिरी समेत अन्य संतों ने कहा कि बड़े हनुमानजी का मां गंगा से स्नान कराना धार्मिक दृष्टि से बेहद शुभ माना जाता है। यह दृश्य श्रद्धालुओं के लिए आस्था और आध्यात्मिक आनंद का अवसर है। संतों के अनुसार, इसे संपूर्ण सृष्टि के लिए सुख-समृद्धि और मंगल का प्रतीक भी माना जाता है।
मान्यता है कि हर साल जब गंगा का जलस्तर बढ़ता है और मां गंगा का पानी श्री लेटे हनुमान जी तक पहुंचता है, तो यह उनके स्नान का पवित्र अवसर माना जाता है। इसी परंपरा के तहत इस वर्ष भी गंगा का पानी गर्भगृह तक पहुंचा।
गंगा और यमुना के जलस्तर में लगातार बढ़ोतरी के चलते संगम क्षेत्र में भी हलचल बढ़ गई है। वहीं, श्री लेटे हनुमान मंदिर में गंगा के गर्भगृह तक पहुंचने के बाद श्रद्धालुओं में भी धार्मिक उत्साह देखने को मिला। मंदिर में परंपरा के अनुसार सभी अनुष्ठान पूरे किए गए।
