प्रयागराज (राजेश सिंह)। साल 2025 के अंतिम दिन संगम तट पर स्थित लेटे हुए हनुमान जी के दर्शन के लिए बुधवार सुबह से ही श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। शहर के कोतवाल कहे जाने वाले इस मंदिर में रात 12 बजे से शुरू हुआ दर्शन-पूजन देर शाम तक जारी रहने की संभावना है।
माघ मेले से पहले ही संगम तट पर भक्ति का माहौल देखा गया। श्रद्धालुओं का मानना है कि साल के अंतिम दिन लेटे हनुमान जी के दर्शन और संगम स्नान करने से नए साल में सुख-समृद्धि आती है और मनोकामनाएं पूरी होती हैं। इसी आस्था के साथ महिलाओं, बुजुर्गों और दूर-दराज से आए भक्तों की लंबी कतारें मंदिर परिसर के बाहर लगी रहीं।
इस अवसर पर दूर-दराज के राज्यों से भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे। गुजरात के राजकोट से आए एक दंपत्ति ने बताया कि वे 24 दिसंबर से धर्म यात्रा पर निकले थे। उन्होंने कहा, ष्पहले जगन्नाथ पुरी गए, फिर वाराणसी और आज अंतिम दिन संगम स्नान कर बड़े हनुमान जी के दर्शन किए। ऐसा लगता है जैसे भगवान ने खुद साल के आखिरी दिन हमें यहां बुलाया है।ष् दंपत्ति ने नए साल में परिवार की सुख-समृद्धि और शांति की कामना की।
प्रयागराज की एक स्थानीय महिला श्रद्धालु ने बताया कि उन्हें साल के आखिरी दिन हनुमान जी के दर्शन बहुत अच्छे से हुए। उन्होंने अपने भाई और भाभी को भी दर्शन कराए। महिला ने कामना की कि आने वाले साल में भगवान सभी को खुश रखें और हर परिवार की मनोकामनाएं पूरी करें।
संगम तट पर सुबह से ही बढ़ती भीड़ को देखते हुए पुलिस-प्रशासन भी सक्रिय रहा। मंदिर परिसर में बैरिकेडिंग की गई थी और भीड़ नियंत्रण तथा सुरक्षा व्यवस्था के लिए पुलिस बल तैनात किया गया था। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए स्नान घाटों पर भी विशेष व्यवस्थाएं की गईं।
साल का अंतिम दिन होने के बावजूद, यह अवसर केवल विदाई का नहीं, बल्कि नई उम्मीदों और प्रार्थनाओं का संगम भी बन गया। सभी भक्त आने वाले साल के मंगलमय होने और बड़े हनुमान जी की कृपा बनाए रखने की कामना करते दिखे।
