जयपुर। सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत ने जयपुर में साइबर सुरक्षा, जागरूकता, न्याय तक समावेशी सोच विषय पर जयपुर में तीन दिवसीय सेमिनार का शुक्रवार को उद्धाटन किया।
इस दौरान मुख्य न्यायाधीश ने कहा कि मेरे नाम से हर दूसरे दिन नई वेबसाइट बन जाती हैं। जहां मेरे कई फोटोग्राफ डाल दिए जाते हैं। मेरे एक-दो शुभचिंतक हैं, जो मेरे मोबाइल पर मैसेज भेज देते हैं और कहते हैं कि आपके नाम पर नई साइट बनी है। सिर्फ यही नहीं, उन वेबसाइट्स से अलग-अलग तरह के मैसेज भी भेजे जाते हैं। एक दिन मेरी बहन और मेरी बेटी जैसी लड़की को मेरे नाम वाली साइट से मैसेज भेजे गए। भाग्य से उस मैसेज की भाषा खराब नहीं थी, क्योंकि शायद वह मेरे बारे में और मेरे विचारों के बारे में जानते थे।
उन्होंने कहा कि मैंने तुरंत साइबर क्राइम को इसकी सूचना दी। लेकिन दुर्भाग्य से वह सारी साइट्स नाइजीरिया से संचालित हो रही थी। यह इस अपराध की जटिलता है। साइबर क्राइम की कोई सीमा नहीं।
मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत की जयपुर यात्रा से ठीक पहले शुक्रवार को 10वीं बार राजस्थान उच्च न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी मिली थी। इससे पहले अक्टूबर 2025 के बाद नौ बार इसी तरह के मेल मिल चुके हैं।
शुक्रवार को मेल मिलने के बाद पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी, बम निरोधक दस्ते और डाग स्क्वायड़ के साथ उच्च न्यायालय में पहुंचे। छानबीन के बाद कोई संदिग्ध वस्तु नहीं मिली।
