प्रयागराज (राजेश सिंह)। हाई कोर्ट बार एसोसिशन इलाहाबाद ने पांच अधिवक्ताओं क्रमश: ऋतेश श्रीवास्तव, केके यादव, दीपक शुक्ला, विवेक कुमार पाल एवं अनुज कुमार सेन को निष्कासित कर दिया है। एसोसिएशन की अचानक बुलाई गई आमसभा में बुधवार को इस आशय का प्रस्ताव पारित किया गया।
आम सभा लाइब्रेरी हाल में दोपहर एक बजे हुई। निर्णय ध्वनिमत से पारित किया गया। पांचों अधिवक्ताओं का नाम एडवोकेट रोल तथा चैम्बर आवंटन की सूची से हटाए जाने का भी प्रस्ताव पारित किया गया है। आमसभा की अध्यक्षता वरिष्ठ अधिवक्ता राकेश पांडे बबुआ ने की जबकि संचालन महासचिव अखिलेश कुमार शर्मा ने किया।
आमसभा में अध्यक्ष एवं महासचिव दोनों को इस बात के लिए अधिकृत किया गया है कि पांचों अधिवक्ताओं के सहयोगियों को भी शीघ्रातिशीघ्र चिन्हित करके उनके विरुद्ध भी उचित कार्यवाही की जाए। हाई कोर्ट बार एसोसिएशन की नियमावली में संशोधन पर विचार के लिए अगली आमसभा छह जुलाई को होगी।
हाईकोर्ट बार एसोसिएशन की वार्षिक आम सभा 10 जुलाई को कराए जाने का प्रस्ताव ध्वनिमत से पारित किया गया है। इसमें वार्षिक बजट व चुनाव की घोषणा पर विचार होगा। यह जानकारी संयुक्त सचिव प्रेस रामेश्वर दत्त पाण्डेय की ओर से दी गई है।
उधर निष्कासित किए गए अधिवक्ता ऋतेश श्रीवास्तव ने बताया कि आम सभा बुलाने के लिए बाइलाज के अनुसार सात दिन पूर्व नोटिस दी जानी चाहिए। आपात बैठक बुलाकर की गई कार्रवाई अवैध है। उन्होंने कहा कि किसी की भी सदस्यता समाप्त करने से पहले आरोपों की जांच की जानी चाहिए और पक्ष सुनकर दोषी पाए जाने की रिपोर्ट आम सभा में रखी जानी चाहिए।
उन्होंने आरोप लगाया कि आम सभा नियम विरुद्ध बुलाई गई और बिना वोट विभाजन किए प्रस्ताव ध्वनिमत से पारित किया गया। सारी प्रक्रिया सोसायटी रजिस्ट्रेशन अधिनियम व बार एसोसिएशन के बाइलाज का खुला उल्लंघन है।
