प्रयागराज संगम पहुंचने पर कहा, गाय को राष्ट्र माता का दर्जा दिलाना है मेरा संकल्प
प्रयागराज (राजेश सिंह)। 10 डिग्री सेल्सियस टेंप्रेचर के बीच सोनू पाल साइकिल से चार धाम की यात्रा पर निकली हैं। इस भीषण ठंड में उसने इस कठिन यात्रा को पूरा करने का संकल्प लिया है। कासगंज जनपद की रहने वाली सोनू चार धाम के साथ साथ 12 ज्योतिर्लिंग की यात्रा पूरा करना चाहती हैं।
इस भीषण ठंड में वह साइकिल से प्रयागराज के संगम पर पहुंची। यहां खुद स्नान किया और गंगाजल भी लिया। यहां विश्राम के बाद वह आगे की यात्रा पूरी करने के लिए निकल पड़ीं। इंटर की पढ़ाई पूरी कर चुकी हैं, अब ठ। की पढ़ाई चल रही है। सोनू कहती हैं, हम गऊ माता को राष्ट्रमाता व भारत को हिंदू राष्ट्र घोषित किए जाने की मांग सरकार से कर रहे हैं। हमारे इस यात्रा का यही संकल्प भी है।
228 दिन की पूरी हो चुकी है साइकिल यात्रा
सोनू ने बताया कि उसकी यह यात्रा करीब 14 हजार किलोमीटर की है। 228 दिन पूरे हो चुकी हैं। करीब एक साल में यह यात्रा पूरी हो जाएगी।
लड़की होकर इतनी कठिन यात्रा शुरू की, रास्ते में क्या दिक्कतें होती हैं? इस सवाल पर वह कहती हैं, यात्रा शुरू करने के पहले लोग मना कर रहे थे। लेकिन मन में जिद थी कि इस यात्रा को पूरी किसी भी स्थिति में पूरी करनी है। गाय को राष्ट्र माता का दर्जा दिए जाने वह देश को हिंदू राष्ट्र घोषित करने की मांग कर रही हूं।
मंदिर पर करती हूं विश्राम
उन्होंने कहा कि इस यात्रा में जब विश्राम करना होता है तो किसी सुरक्षित जगह पर मंदिर को चुनती हूं। अपनी साइकिल पर पूरा सामान रखी रहती हूं, जिससे रहने के लिए खुद की व्यवस्था कर लेती हूं। पिता किसान हैं, आर्थिक स्थिति बहुत ज्यादा अच्छी नहीं है फिर भी वह अपनी इस यात्रा पर निकली हैं।
राजवीर पाल पिता खेती करते हैं। एक भाई और चार बहनों में सबसे छोटी हूं। गया, झारखंड, उड़ीसा, मल्लिकार्जुन, रामेश्वरम में खत्म होगी यह यात्रा। फिर वहां से साइकिल से वृंदावन आना है।
प्रेमानंद महराज के लिए निकाली थी यात्रा
सोनू पाल इसके पहले भी साइकिल से करीब 690 किमी. की यात्रा इंदौर से वृंदावन के लिए निकाली थी। करीब एक साल पहले ही उनकी यह यात्रा पूरी हुई थी। यह यात्रा सिर्फ प्रेमानंद महराज के स्वस्थ होने की कामना के लिए निकाली थी। अब आगे नर्मदा की परिक्रमा करने की तैयारी है जो 3300 किमी. की होगी। यह यात्रा नदी के किनारे होती है और पूरे यम नियम के साथ।
