प्रयागराज (राजेश सिंह)। गंगानगर में नवाबगंज के कुरेशर गांव स्थित प्राचीन मंदिर में रविवार देर रात अराजक तत्वों ने तोड़फोड़ की। मंदिर में स्थापित हनुमान जी की प्रतिमा को बाहर निकालकर खंडित कर दिया गया, जबकि भगवान शंकर का शिवलिंग मंदिर से गायब मिला। इसकी जानकारी सोमवार सुबह पूजा-अर्चना करने पहुंचे लोगों को हुई तो खलबली मच गई। बड़ी संख्या में ग्रामीणों की भीड़ जुट गई। ग्रामीण आक्रोशित हो उठे। मौके पर पहुंची नवाबगंज पुलिस से सभी को समझाकर शांत कराया। मामले में अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। कुरेशर गांव निवासी पारसनाथ दुबे और ओम प्रकाश दुबे मंदिर की देखरेख करते हैं। 100 वर्ष से अधिक पुरानी हनुमानजी व शंकर भगवान की मंदिर में सोमवार सुबह ओमप्रकाश दुबे पूजा-अर्चना करने पहुंचे। वहां हनुमानजी की प्रतिमा मंदिर के बाहर खंडित पड़ी थी। इसके बाद जब मंदिर के अंदर जाकर देखा गया तो भगवान शंकर का शिवलिंग अपने स्थान से गायब था। मंदिर परिसर में कथित रूप से मछली भी फेंके जाने की बात ग्रामीणों ने बताई। घटना की सूचना तत्काल डांडी पुलिस चौकी को दी गई। डांडी चौकी इंचार्ज सूर्यप्रकाश सिंह टीम के साथ मौके पर पहुंचे। घटनास्थल का निरीक्षण करते हुए अधिकारियों को जानकारी दी। मामले की गंभीरता को समझते हुए नवाबगंज इंस्पेक्टर पंकज अवस्थी, एसीपी सोरांव श्यामजीत प्रमिला मौके पर पहुंचे। वहीं, मंदिर में तोड़फोड़ और शिवलिंग गायब होने की जानकारी फैलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण एकत्र हो गए। घटना को लेकर लोगों में काफी आक्रोश था। मौके पर पहुंचे भाजपा मीडिया प्रभारी उमेश तिवारी, सुनील तिवारी रुद्र समेत ग्रामीणों को पुलिस अधिकारियों ने समझा-बुझाकर शांत कराया और आरोपितों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई का भरोसा दिलाया।
पारस नाथ दुबे की तहरीर पर अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया। इंस्पेक्टर पंकज अवस्थी का कहना है कि मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। घटना में शामिल लोगों की पहचान कर उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
