किशोरी को बालिग बनाकर अंडाणु चुराने का मामला
प्रयागराज। फर्जी ढंग से किशोरी को बालिग और विवाहिता बनाकर आइवीएफ सेंटर से अंडाणु निकलवाने के मामले में पुलिस ने कार्रवाई का दायरा बढ़ा दिया है। अब आइवीएफ सेंटर की एजेंट कल्पना की मां संगीता देवी और उसके भाई रवि भारतीया को गिरफ्तार किया है।
पूछताछ में पता चला है कि संगीता भी अपनी बेटी की तरह लड़कियों को आइवीएफ सेंटर ले जाकर अंडाणु निकलवाने और हिमांशु की तरह रवि भी आधार कार्ड में हेरफेर करता था। उसके मोबाइल से करीब 40 लड़कियों और महिलाओं के आधार कार्ड मिले हैं, जिसमें से कुछ के फर्जी होने की आशंका है। इसी मामले में एजेंट कल्पना, मुख्य आरोपित पलक उर्फ जोया, रिंकी, सीमा और उसके बेटे हिमांशु को जेल भेजा जा चुका है।
नवाबगंज निवासी एक महिला ने अपनी 15 वर्षीय बेटी को अगवा करने, मतांतरण की कोशिश कराने और आइवीएफ सेंटर ले जाकर गलत ढंग से अंडाणु निकलवाए जाने का आरोप लगाते हुए मुकदमा दर्ज कराया था। पुलिस ने पीड़िता का बयान दर्ज करते हुए जांच की तो सच्चाई सामने आई। तब पलक समेत अन्य आरोपितों को गिरफ्तार किया गया।
पूछताछ में पता चला था कि किशोरी का फर्जी आधार कार्ड तैयार करके उममें बालिग और विवाहिता दर्शाया गया। इसके बाद आइवीएफ सेंटर में उसके अंडाणु निकलवाए गए थे। पुलिस का कहना है कि अभियुक्तों के मोबाइल की काल डिटेल का विश्लेषण और बयानों के आधार पर विवेचना को आगे बढ़ाया गया तो पता चला कि संगीता और उसका बेटा रवि भी इसमें शामिल था।
कल्पना जब ब्यूटी पार्लर में रहती थी तो उसकी मां लड़कियों को आइवीएफ सेंटर ले जाती थी। आइवीएफ से मिलने वाले पैसे को वह कमीशन के आधार पर देती थी। जबकि रवि भी लड़कियों के आधार कार्ड में हेरफेर करता था।
मंगलवार को फाफामऊ पुलिस ने पुराना फाफामऊ निवासी संगीता और रवि को गिरफ्तार किया। थानाध्यक्ष फाफामऊ अश्विनी कुमार का कहना है कि मां-बेटे को गिरफ्तार करके जेल भेजा गया है। अभियुक्त रवि के मोबाइल से कई लड़कियों के आधार कार्ड मिले हैं, जिसमें कुछ फर्जी हो सकते हैं।